कोचिंग और स्कूल में होने वाले पढाई में क्या अंतर है

कोचिंग और स्कूल में होने वाले पढाई में क्या अंतर है

Hi Fiends! Welcome Back. क्या आप सर्च कर रहे है की कोचिंग और स्कूल में होने वाले पढाई में क्या अंतर है? यदि हाँ तो आप इस पोस्ट को अंत तक पढ़े क्युकी हम इस पोस्ट में कोचिंग करने से क्या फायदा है इसके बारे में जानेंगे| चलिए सुरु करते है-:

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दोस्तों यदि आप एक Student है तो आपको पता होगा की आजकल के बच्चे School से ज्यादा Tuition पढ़ना पसंद करते है| क्या आप भी उनमें से एक है| यदि हां तो आपने कभी यह सोचा है की हम Tuition क्यों करते है? और अपने ये कभी सोचा है की हम School से भी Top कर सकते है? यदि आपका जवाब हाँ है तो क्यों? यदि नही भी है तो क्यों?

क्या School से पढ़ कर बच्चे Top कर सकते है ?

दोस्तों आपको पता ही होगा की School शिक्षा प्राप्त करने का एक मात्र स्थान है| जहां अनुशासन और ज्ञान के द्वारा मानव के चरित्र का निर्माण करना शिक्षा कहलाता है| लेकिन आजकल शिक्षा को उस नजरिये से नही देखा जाता है| बल्कि शिक्षा आज के समय में एक व्यसाय हैं| क्योकि आज के School Teacher स्कूल के पढ़ाई से ज्यादा ध्यान अपने खुद के Tuition (कोचिंग) पर देते है| यही कारण की Student को लगता है की School से अच्छी पढ़ाई Tuition (कोचिंग) में होती है|

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लेकिन क्या ये हमारे समाज के लिए सही है? – जी नही

हम आपको बता दे की हमे शिक्षा को एक नज़रिये से देखना चाहिए| Chemistry,  Biology, Economics Physics आदि विषयों के सिद्धांत की जानकारियाँ देना ही शिक्षा नहीं कहलाता बल्कि हम अध्यापक को चाहिए की इन सभी जानकारियों का हमारे दैनिक जीवन में कैसे और किस तरह से काम आ सकता है ये हमे बताना चाहिए|

क्या हम स्कूल से टॉप कर सकते है या कोचिंग भी करना चाहिए

यदि कोई अध्यापक अपने खुद के Tuition (कोचिंग) पर बच्चो को शिक्षा दे करके कुछ पैसे कमा लेता है तो इसमे कोई गलत बात नही है| लेकिन वो अध्यापक जब School से ज्यादा अपने खुद के Tuition पर ध्यान देता है तो ऐसा करना हमारे के लिए ठीक नही है| उनको चाहिए की यदि वे Tuition Teacher है तो उन्हें सिर्फ अपने Tuition (कोचिंग) पर ध्यान देना चाहिए और अपने School Teacher की नौकरी छोड़ देनी चाहिए जिससे की अन्य Teacher की नियुक्ति की जा सके और केवल School में पढ़ पाने वाले बच्चे को अच्छी शिक्षा मिल सके| क्योकि कुछ बच्चो के घर की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे Tuition नही पढ़ पाते|

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यदि School Teacher ऐसा हो की जिसका मकसद केवल School में ही बच्चो को शिक्षा देना हो तो बच्चे केवल School में ही पढ़ करके सही ज्ञान प्राप्त कर सकते है| यदि ऐसा हमारे Education System में हो जाए तो किसी भी गरीब घर का बच्चा सही माइने में ज्ञान को प्राप्त कर सकता है|

छात्र स्कूल से ज्यादा कोचिंग में क्यों पढ़ने जाते है?

दोस्तों आजकल के माता-पिता के लिए अपने बच्चों को Tuition पढ़ाना फैशन सा बन गया है लेकिन क्या हमे बच्चों को Tuition पढ़ना चाहिए?

जैसा की हमने आपको ऊपर बताया की यदि हमारे Education System में हर अध्यापक यही सोचे की बच्चों को शिक्षा देना ही उनका पहला मकसद है तो आपको सही माइने में बताएं की हमे अपने बच्चों को कोचिंग कराने की कोई जरुरत नही है| आपका बच्चा केवल School में पढ़ करके सही ज्ञान प्राप्त कर सकता है| लेकिन कोचिंग की समस्या देश के स्तर पर फैल चुकी है तो हम इसे बदल नही सकते| इसलिए हमे लगता है की हमारे बच्चे कोचिंग में पढ़ करके परीक्षा में अच्छे नंबर ला सकते है|

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सही माइने में शिक्षा हमे केवल विद्यालय में ही मिल सकती है| कोचिंग में तो हमे केवल परीक्षा की तैयारी करवाई जाती है|

कोचिंग और स्कूल में होने वाले पढ़ाई में क्या अंतर है?

दोस्तों School और कोचिंग दोनों जगहों पर पढ़ाई होती है| पर कुछ बातें ऐसी है जो इन दोनों की पढ़ाई में अंतर स्पष्ट करती है| चलिए जानते है की School के पढ़ाई क्या होता है? 

दोस्तों विद्यालय शिक्षा प्राप्त करने का सबसे सिद्ध स्थान है| जहाँ पर सभी छात्रों को सामान प्रकार से शिक्षा दी जाती है| और हमे वहाँ उचित शिक्षा के जरिए जागरूक किया जाता है और इससे हमारा बौद्धिक स्तर का विकास होता है| जिससे हमारी सोचने और समझने की क्षमता बढ़ जाती है|

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दोस्तों चलिए अब हम जानने की कोशिश करते है की Tuition (कोचिंग) में क्या होता है?

मेरे ख्याल से Tuition में भी पढ़ाई होती है लेकिन यहाँ पर विशेष प्रकार से किसी परीक्षा की तैयारी और स्कूल के अलग नियम से शिक्षा दी जाती है| कोचिंग में अध्यापक छात्रों पर विशेष ध्यान देते है क्योंकि उनका Target हर बच्चे को परीक्षा में अच्छे नंबर से पास करना होता है| यहाँ आपको दैनिक जीवन में होने वाली क्रियाओं में पढ़ाई का क्या महत्व ये नही सिखाते है|

अंतिम शब्द -:

तो दोस्तों जैसा की हमने आपको बताया कोचिंग और स्कूल में होने वाले पढाई में क्या अंतर है ? और साथ ही छात्र स्कूल से ज्यादा कोचिंग में क्यों पढ़ने जाते है ? आशा करते है ये जानकारी आपके लिए काफी अच्छी होगी| यदि सच में ऐसा है तो आप हमे Comment Box में जरुर बताएं और यदि आपका इस पोस्ट से सम्बंधित सवाल कोई सवाल या सुझाव है तो नीचें Comment Box में जरुर पूछे हम आपकी पूरी सहायता करेंगे|

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